उत्तराखंड – हरिद्वार के बहादराबाद पुलिस थाना इलाके में दोस्ती में दगाबाजी, अवैध संबंधों और हत्या का चौंका देने वाला मामला सामने आया है. यहां शादीशुदा प्रेमिका के प्यार में पड़े एक युवक ने उसके पिता की हत्या कर दी, जो उसका दोस्त भी था. जानकारी के अनुसार राजवीर और पंकज दोनों आपस में मित्र थे. दोनों ही उत्तराखंड सरकार का एक प्रमुख उपक्रम राज्य अवसंरचना एवं औद्योगिक विकास निगम लिमिटेड (सिडकुल) की अलग-अलग कंपनी में कार्य करते थे. दोनों में मित्रता थी इसलिए एक-दूसरे के घर भी आना-जाना था.
राजवीर की शादीशुदा पुत्री को पंकज दिल दे बैठा. दोनों के बीच प्रेम-प्रसंग शुरू हो गया. पंकज चाहता था कि राजवीर अपनी बेटी का तलाक करवा दे, ताकि वह उससे शादी कर सके. पंकज यह समझता था कि राजवीर उसके विवाह में सबसे बड़ी अड़चन बना हुआ है. वह अपनी बेटी का तलाक नहीं करवाना चाहता था. ऐसे में पंकज ने राजवीर की हत्या की योजना बनाई और उसमें अपने मित्र छोटे लाल को भी शामिल कर लिया.
दोनों ने मिलकर वारदात को अंजाम दिया. आरोपियों ने राजवीर को शराब के ठेके से शराब खरीद कर पास के ही एक खेत पर ले जाकर खूब शराब पिलाई. राजबीर के नशे में होते ही पंकज और छोटेलाल ने अपने साथ रखे हथौड़े से अचानक वार कर राजवीर की हत्या कर दी. हत्या के बाद दोनों वहां से भाग गए.
अज्ञात व्यक्ति द्वारा 112 डायल कर सूचना दी गई कि एक व्यक्ति की लाश खेत पास पड़ी है. पुलिस ने सूचना के आधार पर शव जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवा के जांच शुरू की. उधर, राजवीर के बेटे द्वारा पुलिस थाने पहुंचकर अपने पिता की गुमशुदगी दर्ज करवाई. बाद में शव की शिनाख्त राजवीर की रूप में हुई और पुलिस जांच में चौंकाने वाली कहानी सामने आई.
हरिद्वार एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि यह एक तरह से ब्लाइंड मर्डर था. पुलिस ने राजवीर हत्याकांड का खुलासा कर दिया. वारदात में काम लिया गया हथौड़ा आरोपियों की निशानदेही से बरामद कर लिया गया. दोनों आरोपी को अरेस्ट करके जेल भिजवा दिया गया है.
घटना की पूरी जानकारी देते हुए पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्रियांशु ग्राम रानानगंला थाना स्योहारा जिला बिजनौर ने 27 अप्रैल को शिकायत दी कि अज्ञात व्यक्ति द्वारा उसके पिता राजवीर सिंह की हत्या कर दी गई. इस तहरीर के आधार पर कोतवाली बहादराबाद में मुकदमा दर्ज किया गया. पुलिस को घटना की सूचना डायल 112 के माध्यम से 27 अप्रैल की सुबह मिली थी. जिस पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर अज्ञात के शव को जिला अस्पताल हरिद्वार के मोर्चरी में रखवाया और उसकी शिनाख्त करवाई. घटना के अतिशीघ्र अनावरण हेतु SSP हरिद्वार द्वारा पुलिस टीम का गठन किया गया. घटना स्थल के निरीक्षण व मौके पर फील्ड यूनिट टीम को मिले साक्ष्यों व डिजिटल एविडेंस के आधार पर पुलिस टीम मृतक के साथ शराब पीने वालों की पहचान कर उनकी तलाश में जुटी रही.
विवेचना में प्रकाश में आए एक संदिग्ध मोबाइल नंबर की पड़ताल करते हुए टीम ने कलियर रोड के पास लकी हॉस्पिटल के बाहर बाइक पर बैठे संदिग्ध व्यक्ति पंकज को मौके पर पकड़कर पूछताछ की तो शुरुआत में उसने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, मगर बाद में सख्ती बरतने पर उसने सच उगल दिया.
पुलिस की शुरुआती पूछताछ में पंकज ने बताया कि उसका राजवीर की बेटी से प्रेम संबंध है. वह उससे शादी करना चाहता था, परन्तु राजवीर के डर से प्रेमिका उसके साथ शादी करने को तैयार नहीं हो रही थी. इसलिए उसने प्लान बनाकर राजवीर की हत्या कर दी. अपनी योजना के अनुसार पंकज ने 26 अप्रैल की शाम को अपने साथी छोटेलाल के साथ मिलकर राजवीर को बौंगला अण्डरपास के पापुलर के खेत में ले गया. वहां शराब पार्टी की और उसके बाद राजवीर के सिर में हथौड़ा मारकर हत्या कर दी.

