पानीपत : हरियाणा के पानीपत जिले के मतलौडा क्षेत्र से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज मामला सामने आया है। मारपीट और लगातार मिल रही कथित धमकियों से परेशान एक किसान ने खेत में पेड़ से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक ने मरने से पहले अपनी बहन को व्हाट्सएप पर सुसाइड नोट भेजा, जिसमें सरपंच समेत तीन लोगों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मतलौडा थाना क्षेत्र के गांव कवि के खेतों में सोमवार सुबह सहतूत के पेड़ से एक किसान का शव फंदे पर लटका मिला। मृतक की पहचान करनाल जिले के गांव मोर माजरा निवासी 35 वर्षीय संदीप के रूप में हुई। घटना की सूचना मिलते ही इलाके में सनसनी फैल गई और पुलिस मौके पर पहुंची।
मृतक के भाई सोनू के अनुसार, एक अगस्त को गांव के सरपंच राजेंद्र, उसके बेटे विकास और भतीजे पुनीत ने संदीप के साथ खेत में कथित रूप से मारपीट की थी। आरोप है कि तीनों ने उसे बांधकर रॉड और डंडों से पीटा और जान से मारने की धमकी भी दी। इस संबंध में पहले ही पुलिस को शिकायत दी गई थी, लेकिन पंचायत के माध्यम से समझौते की बात चल रही थी। इस दौरान भी शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया जाता रहा है।

परिजनों का कहना है कि सोमवार सुबह संदीप ने अपनी बहन मीना के व्हाट्सएप पर एक सुसाइड नोट भेजा। जिसमें लिखा है कि सरपंच ने अपने पद का फायदा उठाकर मेरे से मारपीट की और मेरे परिवार को परेशान किया। इससे आहत होकर में सुसाइड कर रहा हूं। इसके बाद परिजन उसकी तलाश करते हुए गांव कवि के खेतों में पहुंचे, जहां ट्यूबवेल के पास सहतूत के पेड़ से उसका शव फंदे पर लटका मिला। परिजनों ने तुरंत उसे नीचे उतारा, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
सूचना मिलते ही थाना मतलौडा पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल से मृतक का मोबाइल फोन, मोबाइल कवर में रखा सुसाइड नोट और फंदे में इस्तेमाल की गई रस्सी को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। शव का पोस्टमार्टम कराकर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस ने मृतक के भाई की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 108, 351(3) और 3(5) के तहत राजेंद्र सरपंच, विकास और पुनीत के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच एएसआई दलेल सिंह को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि सुसाइड नोट, मौके से मिले साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच की जा रही है।

