नवा रायपुर अटल नगर से एक बड़ी प्रशासनिक खबर आ रही है, जहाँ छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने सांसदों और विधायकों को मिलने वाली लिपिकीय (सचिवालयीन) सुविधाओं के नियमों में एक महत्वपूर्ण आंशिक संशोधन किया है। अब राज्य के विधायकगण अपनी सचिवालयीन सहायता के लिए प्रदेश के किसी भी जिले में पदस्थ कर्मचारियों की सेवाएं प्राप्त कर सकेंगे। हालांकि, इस नए संशोधन में विधायकों के लिए एक कड़ा प्रतिबंध भी जोड़ा गया है, जिसके अनुसार राज्य स्तरीय कार्यालयों में पदस्थ किसी भी कर्मचारी को किसी विधायक के साथ अटैच (संबद्ध) नहीं किया जा सकेगा। प्रशासन ने यह भी साफ किया है कि राज्य स्तरीय कर्मचारियों को अटैच न करने का यह प्रतिबंध सांसदों के मामलों में लागू नहीं होगा, यानी सांसद अपनी सुविधा के लिए राज्य स्तरीय कार्यालयों के कर्मियों की सेवाएं भी ले सकेंगे।
Trending
- मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अपनी माँ के नाम पर लगाया पीपल का पौधा, वन महोत्सव-2026 का हुआ शुभारंभ
- रांची में प्रदर्शनकारी छात्रों से बातचीत के लिए CM हेमंत ने बनाई 4 मंत्रियों की कमिटी
- डीपफेक और बाल शोषण पर घिरा मेटा: जुकरबर्ग ने सरकार से मांगी माफी
- विश्व स्तनपान सप्ताह : स्वास्थ्य मंत्री करेंगे राज्य स्तरीय कार्यक्रम की अध्यक्षता,छत्तीसगढ़ में स्थापित होगा पहला मातृ दूध कोष (मदर मिल्क बैंक)
- वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने किया सम्मानित, 13,912 आवेदनों के सफल निराकरण से बनाया रिकॉर्ड
- ‘मुख्यमंत्री समग्र ग्रामीण विकास योजना’के तहत तिल्दा की विभिन्न ग्राम पंचायतों में 41 लाख से 10 नए रंगमंचों का निर्माण
- डीजी जेल हिमांशु गुप्ता ने बिलासपुर केंद्रीय जेल का किया आकस्मिक निरीक्षण
- Breaking : राज्यसभा से जजों की संख्या बढ़ाने वाला बिल पास

