नई दिल्ली। पूर्वी दिल्ली के विवेक विहार इलाके में एक रिहायशी इमारत में भीषण आग लगने से नौ लोगों की मौत हो गई। आग लगने की वजह एसी यूनिट में शॉर्ट सर्किट को माना जा रहा है। हालांकि अधिकारियों ने अभी तक आग लगने की सही वजह की पुष्टि नहीं की है।
दिल्ली-NCR में गर्मियों में एयर कंडीशनर (AC) में आग और ब्लास्ट की घटनाएं बढ़ जाती हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक ये अचानक हादसे नहीं, बल्कि लंबे समय तक दबाव, खराब मेंटेनेंस और असुरक्षित वायरिंग का नतीजा हैं।
मॉडर्न एसी ज्यादा तापमान के लिए ही बने होते हैं, लेकिन लगातार चलाने और लापरवाही से ओवरहीटिंग, शॉर्ट सर्किट या धमाका हो सकता है।
AC में आग/ब्लास्ट की मुख्य वजहें
- कंप्रेसर ओवरहीटिंग: लगातार चलने और धूल भरी कॉइल से कंप्रेसर गर्म होकर खराब हो सकता है।
- शॉर्ट सर्किट: कमजोर वायरिंग या घटिया एक्सटेंशन कॉर्ड गर्म होकर चिंगारी पैदा कर सकते हैं।
- रेफ्रिजरेंट का लीक होना: R32/R290 जैसी ज्वलनशील गैस लीक होने पर चिंगारी से आग या धमाका हो सकता है।
- प्रेशर बढ़ना: सर्विसिंग के दौरान ओवरफिलिंग या हवा-नमी मिलने से पाइप फटने का खतरा रहता है।
इन चेतावनी भरे संकेत को न करें नजरअंदाज
- AC से जलने जैसी या ‘मछली जैसी’ गंध आना, जो तारों के पिघलने का संकेत है।
- AC से अजीब तरह की आवाजें आना, जैसे घिसने, फुफकारने या खड़खड़ाने की आवाज।
- सर्किट ब्रेकर (MCB) का बार-बार ट्रिप होना।
- AC चालू होने पर लाइटों का धीमा पड़ जाना या टिमटिमाना।
एसी से जुड़ी दुर्घटनाओं से कैसे बचें?
- AC को लगातार न चलाएं।
- टाइमर लगाकर बीच-बीच में ब्रेक दें।
- ज्यादा इस्तेमाल के दौरान हर 10-15 दिन में फिल्टर जरूर साफ करें।
- AC को केवल हाई-कैपेसिटी 16A सॉकेट में ही लगाएं।
- एक्सटेंशन बोर्ड का इस्तेमाल न करें।
- सुनिश्चित करें कि आउटडोर यूनिट के आसपास हवा का प्रवाह बना रहे और कोई रुकावट न हो।
- गैस लेवल और वायरिंग की जांच के लिए नियमित रूप से प्रोफेशनल से सर्विसिंग कराएं।
- जिन क्षेत्रों में बार-बार बिजली ट्रिप होती है, वहां कंप्रेसर की सुरक्षा के लिए वोल्टेज स्टेबलाइजर लगवाएं।

आपात स्थिति में क्या करें?
- सबसे पहले MCB से तुरंत बिजली सप्लाई बंद करें।
- तुरंत जगह खाली करें और फायर ब्रिगेड को सूचना दें।
- बिजली से लगी आग पर पानी का उपयोग कतई न करें।
- सूखे केमिकल (ABC) अग्निशामक यंत्र या रेत का प्रयोग करें।
- फुफकारने की आवाज या काला धुआं आने पर सुरक्षित दूरी बनाए रखें, क्योंकि प्रेशर वाली गैस खतरनाक हो सकती है।

