Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • एक पेड़ माँ के नाम अभियान से बदली उजड़ी वन भूमि की तस्वीर
    • संत रविदास की 650वीं जयंती वर्ष पर आयोजित कलश वंदन महाअभियान में शामिल हुए मुख्यमंत्री श्री साय
    • सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, फसल विविधिकरण और आधुनिक तकनीक से खेती बनेगी अधिक लाभकारी – मुख्यमंत्री श्री साय
    • NMEO योजना से किसान बेसाहू राम की खेती को मिली नई दिशा
    • मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज मंत्रालय, महानदी भवन में मंत्री परिषद की बैठक प्रारम्भ
    • नाले से मिले थे पति-पत्नी के शव : गांव के ही 4 युवकों ने रची थी हत्या की साजिश, पुलिस ने सुलझाई मर्डर मिस्ट्री
    • अनियंत्रित होकर दीवार से जा टकराया मजदूरों से भरा ऑटो, 2 लोगों की मौत, 5 घायल
    • डीके शिवकुमार ने नाराज कांग्रेस विधायकों से की अपील
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Wednesday, August 5
    • खानपान-सेहत
    • फीचर
    • राशिफल
    • लेख-आलेख
    • व्यापार
    • बिलासपुर
    • रायपुर
    • भिलाई
    • राजनाँदगाँव
    • कोरबा
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Home»छत्तीसगढ़»मां ने नवजात को अस्पताल में छोड़ा, 26 दिन बाद चाइल्ड लाइन को सौंपा गया शिशु
    छत्तीसगढ़

    मां ने नवजात को अस्पताल में छोड़ा, 26 दिन बाद चाइल्ड लाइन को सौंपा गया शिशु

    chhattisgarhrajya.inBy chhattisgarhrajya.inSeptember 14, 2025
    Facebook Twitter WhatsApp Email Telegram
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    लासपुर । छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान (सिम्स) में जन्मे एक नवजात को उसकी मां अस्पताल में ही छोड़कर चली गई। करीब 26 दिन तक अस्पताल प्रशासन ने शिशु की देखभाल की, लेकिन जब कोई परिजन लेने नहीं आया तो आखिरकार उसे चाइल्ड लाइन को सौंप दिया गया।

    मामला कैसे सामने आया
    जानकारी के अनुसार, 15 अगस्त 2025 को भरनीपरसदा सकरी निवासी कविता (20 वर्ष) को प्रसव के लिए सिम्स के महिला एवं प्रसूति विभाग में भर्ती किया गया। उसी दिन उसने पुत्र को जन्म दिया। 16 अगस्त को प्रसूता को छुट्टी दे दी गई।

    परिजन 24 अगस्त तक नवजात को देखने आते रहे, लेकिन उसके बाद अचानक आना बंद कर दिया। अस्पताल प्रशासन ने संपर्क के लिए दिए गए मोबाइल नंबरों पर कॉल की, परंतु वे भी गलत पाए गए।

    अस्पताल ने की देखभाल
    शिशु को NICU वार्ड में भर्ती कर रखा गया, जहां डॉक्टर राकेश नाहरेल, समीर कुमार जैन, सलीम खलखो, मीनाक्षी ठाकुर, जायकिशोर और नर्सिंग टीम ने मिलकर उसकी देखभाल की।

    पुनर्वास की प्रक्रिया
    संयुक्त संचालक एवं अधीक्षक डॉ. लखन सिंह के निर्देश पर 11 सितंबर से शिशु के पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू की गई। अंततः 13 सितंबर 2025 को बच्चे को चाइल्ड लाइन को सौंपा गया। इस अवसर पर चाइल्ड हेल्प लाइन प्रभारी चंद्रशेखर तिवारी, सुपरवाइजर आस्था सिंह व चंद्रप्रकाश श्रीवास, और सामाजिक कार्यकर्ता विकास साहू (सेवा भारती मातृछाया, बिलासपुर) मौजूद रहे।

    सिम्स प्रशासन का बयान
    सिम्स के अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति ने कहा कि, “नवजात को अस्पताल में समुचित उपचार और सुरक्षा प्रदान की गई। अब उसके उज्ज्वल भविष्य और पुनर्वास के लिए उसे चाइल्ड लाइन को सौंपा गया है, जहां उसकी उचित देखभाल सुनिश्चित होगी।”

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email
    chhattisgarhrajya.in
    chhattisgarhrajya.in
    • Website

    Related Posts

    एक पेड़ माँ के नाम अभियान से बदली उजड़ी वन भूमि की तस्वीर

    August 5, 2026

    संत रविदास की 650वीं जयंती वर्ष पर आयोजित कलश वंदन महाअभियान में शामिल हुए मुख्यमंत्री श्री साय

    August 5, 2026

    सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, फसल विविधिकरण और आधुनिक तकनीक से खेती बनेगी अधिक लाभकारी – मुख्यमंत्री श्री साय

    August 5, 2026

    Address - Gayatri Nagar, Near Ashirwad Hospital, Danganiya, Raipur C.G.

    Chandra Bhushan Verma
    Owner & Editor
    Mobile - 9826237000 Email - chhattisgarhrajya.in@gmail.com
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions
    • Disclaimer
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.