ग्वालियर: एक पिता ने अपनी पत्नी की मौत की सच्चाई छिपाने के लिए परिवार को खामोश रखने की कोशिश की। 12 साल की बेटी ने पिता की चाल को बेनकाब कर दिया है। पूरा मामला ग्वालियर के मुरार थाना क्षेत्र का है, जहां एसएसबी के जवान पर अपनी पत्नी की हत्या का आरोप लगा है।
पत्नी के शव के साथ गुजारी रात
मिली जानकारी के अनुसार पत्नी से विवाद के बाद जवान ने उनकी गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद पूरी रात पत्नी के शव के साथ गुजारा। सुबह में शव को गाड़ी में रखकर भिंड स्थित अपने पैतृक गांव में पहुंच गया। वहां उसने पत्नी की मौत को हार्ट अटैक का नतीजा बताया। लेकिन शव पर चोटों के निशान देखकर मायके वालों को शक हो गया।
बेटी ने खोल दिया राज
इस बीच आरोपी की बेटी ने अपने मामा को जो कुछ बताया, उससे पूरे घटनाक्रम की परतें खुल गईं। आरोपी की पहचान ज्ञान सिंह जाटव के रूप में हुई है। वह SSB में आरक्षक के पद पर कार्यरत है और उसकी पोस्टिंग जम्मू-कश्मीर में है। 27 अक्टूबर को वह करवाचौथ मनाने के लिए छुट्टी लेकर ग्वालियर आया था। उसकी पत्नी रिंकी जाटव बच्चों के साथ खुरैरी इलाके में रहती थी।
पिता के इलाज के लिए आया था ग्वालियर
पुलिस के मुताबिक घटना से पहले ज्ञान सिंह के पिता इलाज के लिए ग्वालियरआए थे। इलाज पूरा होने के बाद रिंकी ने पति से उन्हें भिंड छोड़ने के लिए कहा। इसी बात को लेकर पति-पत्नी के बीच कहासुनी हुई। ज्ञान सिंह अपने पिता को छोड़कर रविवार रात घर वापस लौटा। उस समय रिंकी मोबाइल पर किसी से बात कर रही थी। इसी बात को लेकर उसने पत्नी के चरित्र पर संदेह जताया। देखते ही देखते मामूली बातचीत ने विवाद का रूप ले लिया।
सीने पर पैर रखकर गला दबा दिया
विवाद के दौरान ज्ञान सिंह ने रिंकी को जमीन पर पटक दिया और उसके सीने पर पैर रखकर गला दबा दिया। इस घटना के समय घर में बच्चे भी मौजूद थे। मां को खोने के बाद बच्चों के सामने एक और मुश्किल खड़ी हो गई। जब आरोपी ने उन्हें किसी को भी घटना की जानकारी देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। पत्नी की हत्या करने के बाद ज्ञान सिंह ने शव को घर में ही रखा। वह रातभर उसी कमरे में शव के पास सोता रहा।
भिंड स्थित गांव पहुंचा
सोमवार की सुबह करीब छह बजे उसने पत्नी के शव को अपनी गाड़ी में रखा और भिंड जिले के अटेर क्षेत्र के गांव छौंदा के लिए रवाना हो गया। भिंड पहुंचने के बाद आरोपी ने रिंकी के मायके वालों को फोन करके उसकी मौत हार्ट अटैक से होने की जानकारी दी। वह चाहता था कि परिजन इस मौत को सामान्य मान लें। लेकिन जब मायके पक्ष के लोग शव देखने पहुंचे तो उन्हें शरीर पर चोटों के निशान दिखाई दिए। घुटनों पर भी गंभीर चोटें थीं।
परिजनों को भी डराया
वहीं, जब परिजनों ने ज्ञान सिंह से मौत को लेकर पूछताछ की तो अपनी सर्विस पिस्टल दिखाकर उन्हें डराया और किसी को कुछ नहीं बताने की चेतावनी दी। इस तरह परिवार के लोगों को चुप कराने की कोशिश की गई। आरोपी को शायद अंदाजा नहीं था कि उसकी 12 वर्षीय बेटी ही इस मामले की सबसे महत्वपूर्ण गवाह बन जाएगी। पिता की धमकियों के बावजूद बेटी ने मां की मौत के पीछे की सच्चाई अपने मामा से साझा कर दी।
पापा ने ही मां को जमीन पर गिराया
उसने मामा सचिन जाटव को बताया कि मां की मौत हार्ट अटैक से नहीं हुई है। उसके पिता ने ही मां को जमीन पर गिराया था और सीने पर पैर रखकर गला दबाया था। बेटी से मिली जानकारी के बाद सचिन और अन्य परिजनों को पूरे घटनाक्रम का पता चला। उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया रुकवा दी।
आरोपी जवान गिरफ्तार
बेटी के बयान और मायके पक्ष की शिकायत के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। परिजन रिंकी का शव लेकर ग्वालियर आए और मुरार थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने ज्ञान सिंह जाटव के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। फॉरेंसिक जांच के माध्यम से भी महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़कर मामले की जांच कर रही है।

