Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को इंडोनेशिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से अलंकृत किए जाने पर दी बधाई
    • आधुनिक तकनीक से वन संरक्षण को नई दिशा
    • जीपीएम का ‘विष्णुभोग’ चावल बना महिलाओं की समृद्धि का नया ब्रांड, आधे घंटे में 45 हजार रुपये से अधिक की रिकॉर्ड बिक्री
    • छत्तीसगढ़ स्टेट वेयरहाउसिंग कार्पोरेशन के कर्मचारियों को उपहार
    • माननीय मुख्यमंत्री महोदय की गरिमामयी उपस्थिति में मनाया जाएगा “दीदी के गोठ” का वार्षिकोत्सव
    • मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से झारखंड के वित्त मंत्री श्री राधाकृष्ण किशोर से की सौजन्य भेंट
    • रात भर चली जद्दोजहद, सुबह होते ही चोरों का बना ‘कार्टून’ शो…
    • स्वेच्छानुदान मद से सुदूर वनांचल स्थित स्वामी आत्मानंद स्कूल, मांझीगुडा को 10 कंप्यूटर प्रदत्त
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Wednesday, July 8
    • खानपान-सेहत
    • फीचर
    • राशिफल
    • लेख-आलेख
    • व्यापार
    • बिलासपुर
    • रायपुर
    • भिलाई
    • राजनाँदगाँव
    • कोरबा
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Home»व्यापार»भारत-यूरोपीय संघ के बीच व्यापार समझौते का पड़ेगा असर, सस्ती होंगी मर्सिडीज-बीएमडब्ल्यू कारें
    व्यापार

    भारत-यूरोपीय संघ के बीच व्यापार समझौते का पड़ेगा असर, सस्ती होंगी मर्सिडीज-बीएमडब्ल्यू कारें

    chhattisgarhrajya.inBy chhattisgarhrajya.inJanuary 28, 2026
    Facebook Twitter WhatsApp Email Telegram
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    भारतीय बाजार में आने वालो दिनों में बीएमडब्ल्यू, मर्सिडीज, लेम्बॉर्गिनी, पोर्श और ऑडी जैसी प्रीमियम लग्जरी यूरोपीय कारें सस्ती हो सकती हैं। दरअसल, भारत और यूरोपीय संघ (ईयू) के बीच मंगलवार को हुए व्यापार समझौता (एफटीए) में कोटा-आधारित रियायतें देने के फैसले के बाद कीमतों में कमी आने की उम्मीद है। यह समझौता साल 2027 से लागू हो सकता है। भारत-ईयू द्विपक्षीय व्यापार समझौते में जहां ईयू भारतीय ऑटोमोबाइल्स पर शुल्क को अलग-अलग चरणों में समाप्त करेगा। वहीं, भारत कुछ तय संख्या (कोटा) के अंतर्गत आयात शुल्क घटाकर 10 फीसदी तक लाएगा। इटली की कार निर्माता कंपनी लेम्बॉर्गिनी को इस समझौते से अच्छा-खासा फायदा होने की उम्मीद है।

    लेम्बॉर्गिनी भारत में करीब 3.8 करोड़ रुपए से शुरू होने वाली कीमतों पर कारें बेचती है और अपने सभी मॉडल आयात करती है। इलेक्ट्रिक वाहनों के मामले में भारत ने अपनी घरेलू ईवी इंडस्ट्री को पहले पांच साल तक सुरक्षा दी है। इलेक्ट्रिक वाहनों पर शुल्क रियायतें समझौते के पांचवें साल से शुरू होंगी और अलग-अलग सेगमेंट में 30-35 प्रतिशत से शुरू होकर धीरे-धीरे घटेंगी। फिलहाल, 40,000 डॉलर से कम कीमत की आयातित कारों पर भारत में 70 फीसदी, और इससे महंगी कारों पर 110 फीसदी तक प्रभावी आयात शुल्क लगता है।

    यूरोपीय कार कंपनियों की थी नजर

    यूरोपीय कार मैन्युफेक्चरर और भारतीय उपभोक्ता इस समझौते की प्रगति पर लंबे समय से नजर बनाए हुए थे। साल 2007 में शुरू हुई बातचीत, ऑटो सेक्टर में शुल्क में रियायत देने को लेकर मतभेदों के कारण 2013 में रुक गई थीं। भारत का ऑटो सेक्टर तेजी से मजबूत हो रहा है और इसी कारण भारत अब एफटीए के अंतर्गत सीमित और नियंत्रित तरीके से शुल्क रियायतें दे रहा है। इससे पहले भी भारत ने ब्रिटेन की कार कंपनियों को कोटा-आधारित रियायतें दी हैं।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email
    chhattisgarhrajya.in
    chhattisgarhrajya.in
    • Website

    Related Posts

    Trent, LT और Coal India के शेयरों में दिखी भारी बिकवाली, जानिए 1 हफ्ते में कितने टूट गए ये स्टॉक्स

    July 7, 2026

    180KM रेंज, 115kmph की टॉप स्पीड, Keeway ने भारत में लांच किया Hypevolt-R EV स्कूटर

    July 5, 2026

    अब सिर्फ एक टेक्स्ट लिखकर बना सकेंगे मजेदार गेम्स! Meta ले आया ये नया ऐप

    July 4, 2026

    Address - Gayatri Nagar, Near Ashirwad Hospital, Danganiya, Raipur C.G.

    Chandra Bhushan Verma
    Owner & Editor
    Mobile - 9826237000 Email - chhattisgarhrajya.in@gmail.com
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions
    • Disclaimer
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.