बेंगलुरु: कर्नाटक में नेतृत्व परिवर्तन के बाद राज्य के गृह मंत्री बने प्रियांक खरगे के राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर दिए गए बयान का प्रदेश अध्यक्ष बीके हरिप्रसाद ने समर्थन किया है। कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस समिति के अध्यक्ष बी के हरिप्रसाद ने RSS के रजिस्ट्रेशन को लेकर मंत्री प्रियांक खड़गे के बयान पर कहा है कि प्रियांक खरगे सरकार में गृह मंत्री हैं और वे देश के संविधान के दायरे में रहकर काम कर रहे हैं। उन्हें ऐसा करने का पूरा अधिकार है। उन्होंने कहा है कि जो भी संगठन खुद को देशभक्त बताता है, उसका रजिस्ट्रेशन होना चाहिए। आरएसएस खुद को एक सांस्कृतिक और देशभक्त संगठन बताता है, इसलिए उसका रजिस्ट्रेशन होना चाहिए। अगर रजिस्ट्रेशन नहीं होता है, तो क्या कार्रवाई की जाए, यह तय करना गृह मंत्री का काम है।
कर्नाटक बीजेपी ने बोला था हमला
दरअसल प्रियांक खरगे ने गृह मंत्री का चार्ज लिया था तो 7 जून को सोशल मीडिया एक पोस्ट में कटाक्ष किया था कि जब जी परमेश्वर गृह मंत्री थे तो तो एक नाकाबिलियत थी कि राज्य में होने वाले किसी भी क्राइम के लिए, वह हर सवाल को यह कहकर टाल देते थे कि मुझे नहीं पता। अब नए गृह मंत्री अब प्रियांक खरगे ने माइक पर उन मामलों के बारे में बड़बोले भाषण देने की आदत नहीं छोड़ी है जिनका उनसे कोई लेना-देना नहीं है। उन्हें और कुछ नहीं पता। ऐसे नाकाबिल मिनिस्टर के हाथ में होम डिपार्टमेंट होने से लॉ एंड ऑर्डर कैसे बना रहेगा?
प्रियांक खरगे ने दी थी चेतावनी
इसके बाद सोशल मीडिया पर कुछ कमेंट सामने आई थे। उन्होंने धमकियों और भाजपा के विरोध का जवाब देते हुए उन्होंने सोशल मीडिया पर पलटवार किया और कहा कि वे (राष्ट्रीय स्वयंसवेक संघ) अपने राजनीतिक संगठन को रजिस्टर कराने के लिए दस्तावेज तैयार रखें। प्रियांक खरगे ने एक यूजर की पोस्ट को स्क्रीनशॉट करके लिखा था कि बीजेपी कर्नाटक आप इतने परेशान क्यों हैं। मुझे गृह मंत्री का पद संभाले अभी 48 घंटे भी नहीं हुए हैं, और आपका डर, आपकी बेचैनी और आपका गुस्सा साफ दिख रहा है। आप अभी से ही आरएसएस का इस्तेमाल करके मुझे गाली दे रहे हैं और मेरी जान लेने की धमकी दे रहे हैं। आप जो कर सकते हैं, कर लें। खरगे ने आगे लिखा था कि सबसे जरूरी बात, कृपया अपने लोगों के समूह तक मेरा नमस्कार पहुंचाएं और उनसे कहें कि वे अपनी राजनीतिक पार्टी के रजिस्ट्रेशन के लिए जरूरी दस्तावेज तैयार रखें। प्रियांक खरगे के बयान का राज्य के कुछ और मंत्रियों ने समर्थन किया है। गौरतलब हो कि प्रियांक खरगे अपने पिता और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की तरह आरएसएस के कट्टर आलोचक हैं।

