चंडीगढ़: पंजाब के संगरूर जिले से एक ऐसी दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने मां-बच्चे के पवित्र रिश्ते को कलंकित कर दिया है। यहां एक महिला ने अपने अवैध प्रेम संबंध के रास्ते से हटाने के लिए अपने ही तीन मासूम बच्चों को मिठाई में जहर देकर बेरहमी से मार डाला। पुलिस ने इस खौफनाक तिहरे हत्याकांड का पर्दाफाश करते हुए आरोपी मां को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसका प्रेमी फिलहाल फरार है।
सोशल मीडिया के प्यार में भूली ममता
पुलिस जांच में सामने आया है कि बखोपीर रोड निवासी आरोपी महिला लवप्रीत कौर का जलालाबाद के रहने वाले हरजीत सिंह नाम के युवक के साथ अफेयर चल रहा था। दोनों की मुलाकात सोशल मीडिया के जरिए हुई थी और धीरे-धीरे उनकी नजदीकियां काफी बढ़ गईं। महिला अपने प्रेमी के साथ नई जिंदगी शुरू करना चाहती थी, लेकिन उसके तीन बच्चे इस रिश्ते में सबसे बड़ी रुकावट बन रहे थे। जिसके बाद दोनों ने मिलकर बच्चों को हमेशा के लिए रास्ते से हटाने की एक रोंगटे खड़े कर देने वाली साजिश रची।
मिठाई में मिलाया ‘काल’
यह पूरी घटना बीते 26 अगस्त को रक्षाबंधन के दिन अंजाम दी गई। आरोपी महिला की ननद त्योहार के मौके पर मिठाई के दो डिब्बे लेकर आई थी। ननद ने एक डिब्बा अपने भाई कुलविंदर सिंह (बच्चों के पिता) के घर दिया और दूसरा डिब्बा दूसरे भाई के घर छोड़ दिया। बच्चों के पिता कुलविंदर सिंह पेशे से ड्राइवर हैं और वे काम के सिलसिले में घर से बाहर थे। मौका पाकर कलयुगी मां ने अपने ही बच्चों के डिब्बे वाली मिठाई में चुपके से जहरीला पदार्थ मिला दिया।
तड़पते रहे मासूम, मां रचती रही ‘फूड पॉइजनिंग’ का नाटक
जहरीली मिठाई खाते ही कुलविंदर की बेटी जसनूर कौर (6.5 वर्ष), बेटा अरमानदीप सिंह (5 वर्ष) और महज ढाई साल के मासूम रिहानदीप सिंह की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। बच्चों को तड़पता देख भी मां का दिल नहीं पसीजा। उसने मामले को दबाने के लिए इसे साधारण ‘फूड पॉइजनिंग’ (उल्टी-दस्त) का नाम दिया और परिवार के साथ मिलकर उनका स्थानीय स्तर पर इलाज करवाती रही। जब बच्चों की हालत बहुत ज्यादा बिगड़ गई, तब उन्हें पटियाला के राजेंद्रा अस्पताल या चंडीगढ़ पीजीआई में भर्ती कराया गया। लेकिन जहर अपना काम कर चुका था; इलाज के दौरान 30 अगस्त को अरमानदीप, 1 सितंबर को जसनूर और 11 सितंबर को सबसे छोटे मासूम रिहानदीप ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया।
कॉल डिटेल और सोशल मीडिया चैट ने खोला खौफनाक राज
शुरुआत में बच्चों के पिता कुलविंदर सिंह ने इसे केवल फूड पॉइजनिंग का मामला मानकर पुलिस को सूचना दी थी। पुलिस ने शुरू में बीएनएसएस की धारा 194 के तहत कार्रवाई शुरू की। लेकिन पुलिस को सबसे बड़ा संदेह तब हुआ जब मिठाई का दूसरा डिब्बा खाने वाले दूसरे भाई के परिवार में सभी पूरी तरह सुरक्षित थे।
संदेह होने पर पुलिस ने जब आरोपी मां लवप्रीत कौर का मोबाइल फोन जब्त किया और उसकी कॉल डिटेल्स व सोशल मीडिया चैट को खंगाला, तो अधिकारियों के भी होश उड़ गए। जांच में साफ हो गया कि लवप्रीत ने अपने प्रेमी हरजीत सिंह के साथ मिलकर ही बच्चों को ठिकाने लगाने की योजना बनाई थी और घर आई मिठाई में जहर मिलाया था।
प्रेमी की तलाश में पुलिस की छापेमारी जारी
पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए आरोपी मां लवप्रीत कौर को तुरंत गिरफ्तार कर लिया है। बच्चों के लाचार पिता के बयानों के आधार पर हत्या का मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। वहीं, घटना के बाद से फरार चल रहे मुख्य साजिशकर्ता और प्रेमी हरजीत सिंह को दबोचने के लिए पुलिस की टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं।

