Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • दूध या दही, आपकी सेहत के लिये क्या है ज्यादा फायदेमंद? 
    • बहुत से लोग दवाओं को तोड़कर खाना पसंद करते हैं. लेकिन क्या आप ये जानते हैं किस दवा को तोड़कर खाना चाहिए और किसे नहीं
    • वक्त से पहले मेनोपॉज हुआ तो बढ़ जाता है इस बीमारी का खतरा
    • महिला की गला दबाकर हत्या करने के बाद युवक ने भी आत्महत्या कर ली 
    • हाजीपुर इलाके में प्रवासी मजदूर ने पत्नी को उतारा मौत के घाट
    • पहला ऑल-विमेन पुलिस थाना, पीड़ित महिलाएं बिना झिझक कह सकेंगी दिल की बात
    • इजरायल का लेबनान पर हमला ; US-ईरान शांति वार्ता को बड़ा झटका, वेंस का स्विट्जरलैंड दौरा रद
    • मुख्यमंत्री से छत्तीसगढ़ योग आयोग के नवनियुक्त अध्यक्ष श्री संजय अग्रवाल ने की सौजन्य मुलाकात
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Saturday, June 20
    • खानपान-सेहत
    • फीचर
    • राशिफल
    • लेख-आलेख
    • व्यापार
    • बिलासपुर
    • रायपुर
    • भिलाई
    • राजनाँदगाँव
    • कोरबा
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Home»अंतर्राष्ट्रीय»साउथ कोरिया में राष्ट्रपति चुनाव जारी छ: माह के राजनीतिक कलह की कहानी
    अंतर्राष्ट्रीय

    साउथ कोरिया में राष्ट्रपति चुनाव जारी छ: माह के राजनीतिक कलह की कहानी

    chhattisgarhrajya.inBy chhattisgarhrajya.inJune 3, 2025
    Facebook Twitter WhatsApp Email Telegram
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    साउथ कोरिया में पिछले छह महीने से जारी राजनीतिक उथल-पुथल पर विराम लगाते हुए वहां के लोग मंगलवार को नए राष्ट्रपति के लिए मतदान कर रहे हैं. देश के पूर्व राष्ट्रपति यून सुक येओल की ओर से लगाए गए मार्शल लॉ के बाद से शुरू इस राजनीतिक उथल-पुथल का रास्ता नए राष्ट्रपति के चुनाव तक पहुंचा है. अभी तक के सभी बड़े सर्वे में उदारवादी नेता ली जे-म्युंग चुनावी रेस में काफी आगे और आसानी से जीतते दिख रहे हैं. लेटेस्ट सर्वे में 49 प्रतिशत लोगों ने उन्हें सर्वश्रेष्ठ उम्मीदवार के रूप में देखा है. वहीं यून सुक येओल की पूर्व पार्टी – कंजर्वेटिव पीपल पावर पार्टी (पीपीपी) के उम्मीदवार किम मून-सू, ली जे-म्युंग से 35 प्रतिशत पीछे हैं.

    साउथ कोरिया में चुनाव क्यों हो रहा है? 6 महीने ऐसे मची उथल-पुथल

    यह समझने के लिए आपको 6 महीने पहले ले जाना होगा. विपक्ष के साथ बजट विवाद के बाद 3 दिसंबर 2024 को तात्कालिक राषट्रपति यून ने टीवी पर आकर पूरे साउथ कोरिया में मार्शल लॉ लगाने की घोषणा कर दी. हथियार लिए सैनिक संसद की ओर बढ़ गए. दूसरी तरफ मार्शल लॉ के खिलाफ हजारों प्रदर्शनकारी संसद के बाहर इकट्ठा हुए और सांसदों ने 4 दिसंबर की सुबह यून की घोषणा को रद्द करने के लिए 190-0 से वोट किया.

    फिर सैनिकों को पीछे हटना पड़ा और राष्ट्रपति यून को टीवी पर फिर से आकर मार्शल लॉ हटाना पड़ा. विपक्ष ने तुरंत राष्ट्रपति के महाभियोग पर जोर दिया और आधिकारिक प्रस्ताव दायर करने की कसम खाई. विपक्ष ने राष्ट्रपति यून, उनके रक्षा और आंतरिक मंत्रियों के खिलाफ “विद्रोह” की अलग-अलग शिकायतें दर्ज कीं, जिससे पुलिस जांच शुरू हो गई. 14 दिसंबर को अपनी दूसरी कोशिश में पर्याप्त सांसदों ने यून पर महाभियोग चलाने और उन्हें पद से निलंबित करने के लिए मतदान किया. साउथ कोरिया की संवैधानिक अदालत को इस मतदान पर विचार-विमर्श के लिए छह महीने का समय दिया गया. जबकि प्रधान मंत्री हान डक-सू देश के कार्यवाहक नेता बने.

    लेकिन इतने भर से साउथ कोरिया की राजनीतिक कलह शांत नहीं हुई. 27 दिसंबर को सांसदों ने कार्यवाहक राष्ट्रपति हान पर भी इस बात को लेकर महाभियोग चलाया कि उन्होंने यून की जांच करने के लिए कानून में विशेष विधेयक पर हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया था. उनको पद से हटाए जाने के बाद वित्त मंत्री चोई संग-मोक ने पदभार संभाला. 14 जनवरी को संवैधानिक न्यायालय ने यून के महाभियोग की सुनवाई शुरू कर दी और अगले सप्ताहों में कुल 11 सुनवाइयां हुईं. अगले दिन उन्हें हिरासत में भी ले लिया गया. 8 मार्च को अदालत द्वारा प्रक्रियात्मक आधार पर गिरफ्तारी रद्द करने के बाद यून को हिरासत से रिहा कर दिया गया. जबकि 24 मार्च को हान डक-सू देश के महाभियोग के खिलाफ फैसला सुनाने के बाद संवैधानिक न्यायालय ने उन्हें कार्यवाहक राष्ट्रपति के रूप में बहाल कर दिया.

    27 अप्रैल को देश की मुख्य विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी ने पूर्व नेता ली जे-म्युंग को अपना नाम राष्ट्रपति चुनाव के लिए आगे किया. ली साउथ कोरिया के इतिहास में किसी भी वोट के सबसे कम अंतर से 2022 के राष्ट्रपति चुनाव में यून से हार गए थे. इस बार उन्होंने “मार्शल लॉ से जुड़ी सभी ताकतों को दंडित करने” की कसम खाई है.

    1मई को कार्यवाहक राष्ट्रपति हान ने “बड़ी जिम्मेदारी लेने” के लिए इस्तीफा दे दिया. उन्होंने संकेत दे दिया था कि वो राष्ट्रपति पद के लिए अपनी बोली लगाने वाले हैं. वित्त मंत्री चोई कार्यवाहक राष्ट्रपति पद संभालने के लिए तैयार थे, लेकिन विपक्षी सांसदों द्वारा उनके खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पेश करने के कारण उन्होंने इस्तीफा दे दिया. आखिरकार शिक्षा मंत्री ली जू-हो कार्यवाहक राष्ट्रपति बने.

    3मई को पीपुल्स पावर पार्टी ने पूर्व श्रम मंत्री किम मून-सू को राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के रूप में नामित किया. हालांकि वो ली जे-म्युंग के सामने स्पष्ट रूप से बहुत पिछे दिख रहे हैं. हर सर्वे में किम मून-सू कम से कम 10 अंकों से पीछे हैं.

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email
    chhattisgarhrajya.in
    chhattisgarhrajya.in
    • Website

    Related Posts

    इजरायल का लेबनान पर हमला ; US-ईरान शांति वार्ता को बड़ा झटका, वेंस का स्विट्जरलैंड दौरा रद

    June 19, 2026

    भारत मे बिना अपॉइंटमेंट कॉन्टैक्ट लेंस खरीदकर खुश हुई विदेशी महिला कहाँ अमेरिका कुछ सीखो…

    June 19, 2026

    इज़रायल ने शांति समझौता का उलंघ्घन कर लेबनान पर किया हमला, 16 लोगों की ली जान

    June 19, 2026

    Address - Gayatri Nagar, Near Ashirwad Hospital, Danganiya, Raipur C.G.

    Chandra Bhushan Verma
    Owner & Editor
    Mobile - 9826237000 Email - chhattisgarhrajya.in@gmail.com
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions
    • Disclaimer
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.