Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • इसरो के वैज्ञानिकों ने किया जिला विज्ञान केंद्र दंतेवाड़ा का भ्रमण
    • खेल अधोसंरचना की मजबूती और खेलों के लिए बेहतर वातावरण तैयार करने मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन के लिए 100 करोड़ का प्रावधान
    • आत्मसमर्पित 95 नक्सलियों को 1.40 करोड़ रुपये से अधिक की प्रोत्साहन राशि
    • अबूझमाड़ के दुर्गम अंचलों तक पहुँची ‘सुशासन एक्सप्रेस’
    • मुस्कुराता बस्तर कार्यशाला में बच्चों की कला ने बिखेरे रंग
    • हाथीदांत तस्करी पर वन विभाग की बड़ी कार्रवाई,वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत तीन आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक हिरासत में भेजे गए
    • मछली बीज उत्पादन से किसान रयतु राम ने लिखी सफलता की नई कहानी
    • जीआई टैग: वैश्विक ब्रांडों में पारंपरिक संपदा की वृद्धि
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Tuesday, August 4
    • खानपान-सेहत
    • फीचर
    • राशिफल
    • लेख-आलेख
    • व्यापार
    • बिलासपुर
    • रायपुर
    • भिलाई
    • राजनाँदगाँव
    • कोरबा
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Home»धर्म आस्था»22 अप्रैल को है स्कंद षष्ठी, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व
    धर्म आस्था

    22 अप्रैल को है स्कंद षष्ठी, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व

    chhattisgarhrajya.inBy chhattisgarhrajya.inApril 21, 2026
    Facebook Twitter WhatsApp Email Telegram
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    स्कंद षष्ठी हिंदू धर्म का एक प्रमुख पर्व है, जो भगवान शिव और माता पार्वती के पुत्र तथा देवताओं के सेनापति भगवान कार्तिकेय (स्कंद) को समर्पित है. यह पर्व हर महीने के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि को मनाया जाता है. मान्यता है कि इस दिन व्रत रखने और विधि-विधान से पूजा करने से जीवन के सभी कष्ट दूर होते हैं और शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है. कई भक्त इस व्रत को संतान प्राप्ति की कामना से भी करते हैं.

    स्कंद षष्ठी 2026: शुभ मुहूर्त और तिथि

    पंचांग के अनुसार वैशाख शुक्ल षष्ठी तिथि का समय इस प्रकार है:

    • तारीख: 22 अप्रैल 2026, बुधवार
    • षष्ठी तिथि का आरंभ: 22 अप्रैल 2026 को सुबह 01:21 बजे
    • षष्ठी तिथि का समापन: 22 अप्रैल 2026 को रात 10:47 बजे तक

    उदयातिथि के अनुसार स्कंद षष्ठी का व्रत और पूजन 22 अप्रैल को किया जाएगा.

    पूजा विधि 

    स्कंद षष्ठी के दिन भगवान कार्तिकेय की पूजा इस प्रकार करें:

    • सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें, फिर व्रत का संकल्प लें.
    • पूजा घर में भगवान कार्तिकेय की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें. इस दिन भगवान शिव और माता पार्वती की भी पूजा करना शुभ माना जाता है.
    • भगवान कार्तिकेय का जल, दूध और पंचामृत से अभिषेक करें.
    • उन्हें अक्षत, चंदन, फूल (विशेषकर लाल फूल), धूप-दीप अर्पित करें और भोग लगाएं.
    • इस दिन कार्तिकेय जी को मोर पंख अर्पित करना भी अत्यंत शुभ माना जाता है.
    • ‘स्कंद षष्ठी कवच’ का पाठ करें और भगवान कार्तिकेय के मंत्रों का जाप करें.
    • अंत में कपूर या दीपक जलाकर आरती करें.

    स्कंद षष्ठी का महत्व

    पौराणिक कथाओं के अनुसार, इसी दिन भगवान कार्तिकेय ने महाबली असुर तारकासुर का वध किया था. इसलिए यह पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है. भगवान कार्तिकेय को युद्ध के देवता कहा जाता है. मान्यता है कि उनकी उपासना से आत्मविश्वास बढ़ता है और शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जिनकी कुंडली में मंगल दोष होता है, उनके लिए स्कंद षष्ठी का व्रत मंगल के अशुभ प्रभावों को कम करने में सहायक माना जाता है.

    अस्वीकरण (Disclaimer): इस लेख में दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। यहां दी गई ज्योतिष, वास्तु या धार्मिक जानकारी मान्यताओं और विभिन्न स्रोतों पर आधारित है। हम इसकी पूर्ण सटीकता या सफलता की गारंटी नहीं देते हैं। किसी भी उपाय, सलाह या विधि को अपनाने से पहले संबंधित क्षेत्र के प्रमाणित विशेषज्ञ या विद्वान से परामर्श अवश्य लें।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email
    chhattisgarhrajya.in
    chhattisgarhrajya.in
    • Website

    Related Posts

    बुध का कर्क राशि में प्रवेश! 3 राशियों पर आएगा संकट

    August 4, 2026

    सावन अमावस्या पर लगेगा दुर्लभ सूर्य ग्रहण, फिर कैसे होगा स्नान, दान और तर्पण?

    August 4, 2026

    मंगला गौरी व्रत में क्या चढ़ाएं? जानें पूजा सामग्री, नियम और शुभ मंत्र

    August 3, 2026

    Address - Gayatri Nagar, Near Ashirwad Hospital, Danganiya, Raipur C.G.

    Chandra Bhushan Verma
    Owner & Editor
    Mobile - 9826237000 Email - chhattisgarhrajya.in@gmail.com
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions
    • Disclaimer
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.