मिडिल ईस्ट में तनाव,600 से ज्यादा भारतीयों को लेकर दिल्ली लैंड हुई दो स्पेशल फ्लाइट

नई दिल्ली: अमेरिका-इजराइल-ईरान युद्ध की वजह से मिडिल-ईस्ट देशों में फंसे भारतीयों को लेकर सोमवार रात के अंधेरे में आशा की दो किरण निकली। जिसमें दो विदेशी एयरलाइंस दुबई और अबू धाबी से 600 से अधिक भारतीयों और अन्य देशों के नागरिकों को लेकर दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंड कीं।
भारतीयों को लेकर दिल्ली एयरपोर्ट लैंड हुई पहली फ्लाइट
खाड़ी देशों में फंसे भारतीयों को लेकर सोमवार देर शाम नागर विमानन मंत्री राममोहन नायडू ने भी मंत्रालय अधिकारियों के साथ रिव्यू मीटिंग की थी। जिसमें मिडिल-ईस्ट में फंसे लोगों को वहां से निकालने के लिए हर संभव कोशिश करने की बात हुई। सोमवार रात मिडिल-ईस्ट से तीन दिन बाद पहली फ्लाइट एतिहाद एयरवेज की एक फ्लाइट सोमवार रात को दिल्ली एयरपोर्ट पर लैंड की। इस फ्लाइट में 310 लोग सवार थे।
325 यात्रियों के साथ लैंड हुई दूसरी फ्लाइट
वहीं सोमवार-मंगलवार आधी रात के बाद 2:40 बजे एमिरेट्स एयरलाइन की एक फ्लाइट 325 यात्रियों को लेकर दिल्ली लैंड की। दोनों फ्लाइटों में अधिकतर भारतीय ही थे, लेकिन कुछ विदेशी भी सवार थे। जो वहां फंसे हुए थे। इधर, सोमवार शाम नागर विमानन मंत्रालय में हुई मीटिंग के बाद मिडिल-ईस्ट देशों के बंद एयर स्पेस में अगर आज कुछ छूट मिली तो इंडिगो जेद्दा से भारत के लिए 10 स्पेशल रिलीफ फ्लाइट ऑपरेट करने की कोशिश करेगी।
स्पाइसजेट चलाएगी स्पेशल फ्लाइट्स
स्पाइसजेट ने भी कहा है कि वह यूएई में फंसे भारतीयों की सुरक्षित घर वापसी के लिए विशेष उड़ानों का संचालन करेगी। इसमें तीन मार्च से वह अगले कुछ दिनों तक संयुक्त अरब अमीरात के फुजैराह इंटरनेशनल एयरपोर्ट से दिल्ली, मुंबई और कोच्चि के लिए अपनी फ्लाइट ऑपरेट करेगी।
क्या है एयर इंडिया का कहना
एयर इंडिया ने भी कहा है कि जैसे ही स्थिति फ्लाइट ऑपरेट करने के अनुकूल होती है। वैसे ही वह भी अपनी फ्लाइट मिडिल-ईस्ट से भारत के लिए शुरू कर देगी। एयर इंडिया का कहना है कि मिडिल-ईस्ट के अलावा उसकी अमेरिका, कनाडा, यूके और यूरोप वाली फ्लाइट भी शुरू हो रही हैं। इन्हें लंबा एयर स्पेस लेना पड़ रहा ह। लेकिन कुछ फ्लाइटों को छोड़कर वह अपनी लंबी दूरी की शेडयूल फ्लाइटों को ऑपरेट कर रहा है।



