Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जशपुर में सिंचाई सुविधाओं का विस्तार, किसानों को मिलेगी बड़ी सौगात
    • छत्तीसगढ़ में श्रम आधारित उद्योगों को बढ़ावा देकर युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित कर रही सरकार : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय
    • खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में नवाचारी उद्यम स्थापित कर रोजगार प्रदाता बनें युवाः डॉ. चंदेल
    • कृषि मंत्री श्री नेताम के सख्त निर्देश- रबी 2025 के अंतर्गत किसानों के लंबित फसल बीमा क्लेम का आगामी तीन कार्य दिवस में होगा भुगतान
    • मेरठ सांप कांड क्या था? मुस्कान-साहिल की तर्ज पर कोर्ट ने रविता-अमरदीप को सुनाई फांसी की सजा
    • दिल्ली: तिरंगा मार्च से पहले CJP संस्थापक अभिजीत दिपके पुलिस हिरासत में, धारा 163 और अदालत की पुरानी शर्तों का दिया हवाला 
    • पीएम आवास निर्माण में गड़बड़ी और गरीबों के हक की राशि में हेराफेरी कतई बर्दाश्त नहीं, दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई – उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा
    • मुंबई में गरबा देख भावुक हुई विदेशी लड़की, बोली- भारत छोड़ने के बाद इन पलों को बहुत याद करूंगी
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Saturday, October 17
    • खानपान-सेहत
    • फीचर
    • राशिफल
    • लेख-आलेख
    • व्यापार
    • बिलासपुर
    • रायपुर
    • भिलाई
    • राजनाँदगाँव
    • कोरबा
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Home»व्यापार»अमेरिका के साथ समझौते पर क्यों अटका भारत? टैरिफ को लेकर मोदी सरकार ने रखी बड़ी शर्त
    व्यापार

    अमेरिका के साथ समझौते पर क्यों अटका भारत? टैरिफ को लेकर मोदी सरकार ने रखी बड़ी शर्त

    chhattisgarhrajya.inBy chhattisgarhrajya.inSeptember 4, 2026
    Facebook Twitter WhatsApp Email Telegram
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    भारत और अमेरिका के बीच बहुप्रतीक्षित ट्रेड डील को लेकर अब तस्वीर कुछ हद तक साफ होती दिख रही है। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने संकेत दिया है कि समझौते की अंतिम घोषणा किसी तय तारीख से ज्यादा इस बात पर निर्भर करेगी कि भारतीय निर्यातकों को अमेरिकी बाजार में प्रतिस्पर्धी देशों के मुकाबले कितना बेहतर टैरिफ लाभ मिलता है। यानी नई दिल्ली जल्दबाजी में समझौते पर मुहर लगाने के बजाय भारतीय कारोबारियों के हित में बेहतर शर्तों का इंतजार कर रही है।

     टैरिफ पर बनी हुई है असली पेंच

    पीयूष गोयल ने स्पष्ट किया कि भारत-अमेरिका अंतरिम द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) को अंतिम रूप देने में सबसे बड़ी भूमिका शुल्क व्यवस्था की होगी। भारत तभी आगे बढ़ेगा, जब उसके उत्पादों को अमेरिकी बाजार में प्रतिद्वंद्वी देशों की तुलना में पर्याप्त लाभ मिले। दोनों देशों ने 2 फरवरी को अंतरिम समझौते का ढांचा तैयार किया था, लेकिन अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद पहले प्रस्तावित तरजीही टैरिफ (Preferential Tariff) की कानूनी स्थिति बदल गई।

    निर्यातकों के सामने अमेरिकी जोखिम

    व्यापार विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिका की ओर से लगाए जा रहे और प्रस्तावित शुल्क भारतीय निर्यातकों के लिए चिंता का विषय हैं। जुलाई में कुछ श्रम-प्रधान उत्पादों पर जबरन श्रम के आरोपों से जुड़े प्रावधान के तहत 10 प्रतिशत शुल्क लगाया गया। इसके अलावा अमेरिकी प्रशासन ने औद्योगिक अतिरिक्त क्षमता को लेकर एक और Section 301 जांच शुरू की है। ऐसे में भारत चाहता है कि किसी भी समझौते में भविष्य की अनिश्चितताओं को भी पर्याप्त रूप से संबोधित किया जाए।

    नौ FTA से बढ़ा भारत का बाजार

    भारत ने पिछले कुछ वर्षों में व्यापार कूटनीति को तेज किया है। मॉरीशस, यूएई, ऑस्ट्रेलिया, EFTA, ओमान और ब्रिटेन के साथ समझौते लागू हो चुके हैं। न्यूजीलैंड और यूरोपीय संघ के साथ हुए समझौतों को लागू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। सरकार का लक्ष्य केवल समझौते करना नहीं, बल्कि उनका अधिकतम इस्तेमाल कर भारतीय कंपनियों को वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में मजबूत जगह दिलाना है।

    कनाडा से लेकर इजरायल तक बातचीत

    भारत की व्यापार वार्ता अमेरिका तक सीमित नहीं है। कनाडा, मैक्सिको, चिली, मर्कोसुर, SACU, GCC और इजरायल के साथ भी बातचीत जारी है। वहीं ASEAN, दक्षिण कोरिया और जापान के साथ मौजूदा समझौतों की समीक्षा और विस्तार पर काम चल रहा है। सरकार का अनुमान है कि इन पहलों से भारतीय निर्यातकों को दुनिया के लगभग 75 प्रतिशत व्यापार तक अधिक अनुकूल शुल्क दरों पर पहुंच मिल सकती है। खास बात यह है कि चिली के साथ व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौता (CEPA) भी अंतिम चरण के करीब बताया जा रहा है। महत्वपूर्ण खनिजों से समृद्ध चिली के साथ समझौता भारत के लिए व्यापार के साथ-साथ रणनीतिक आपूर्ति सुरक्षा के लिहाज से भी अहम साबित हो सकता है।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email
    chhattisgarhrajya.in
    chhattisgarhrajya.in
    • Website

    Related Posts

    भारतीय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव, गिरावट के बाद करीब 400 अंक चढ़ा सेंसेक्स, IT शेयरों में जारी है तेजी

    October 16, 2026

    जियो प्लेटफॉर्म्स का IPO 21 अक्टूबर से खुलेगा, प्राइस बैंड rs 1065-1119 तय

    October 15, 2026

    भारत-कनाडा के बीच व्यापार समझौते पर तेज हुई बातचीत

    October 14, 2026

    Address - Gayatri Nagar, Near Ashirwad Hospital, Danganiya, Raipur C.G.

    Chandra Bhushan Verma
    Owner & Editor
    Mobile - 9826237000 Email - chhattisgarhrajya.in@gmail.com
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions
    • Disclaimer
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.