रूस-यूक्रेन युद्ध को 4 साल से ज़्यादा समय हो चुका है। 24 फरवरी, 2022 को रूस ने यूक्रेन पर हमला कर दिया था और तभी से यह युद्ध जारी है। युद्ध की शुरुआत में लगा था कि रूसी सेना कुछ दिन में ही जीत हासिल कर लेगी, लेकिन लगातार मिले इंटरनेशनल सपोर्ट की वजह से यूक्रेनी सेना अभी भी रूसी सेना के सामने डटी हुई है। काफी कोशिशों के बावजूद यह युद्ध खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है, लेकिन अब रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) ने इस विषय में एक बड़ी बात कह दी है। पुतिन ने कहा है कि दोनों देशों के बीच चल रहा युद्ध अंत के करीब है। पुतिन ने कजाकिस्तान (Kazakhstan) के अपने राजकीय दौरे के समापन के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह बयान दिया।
नहीं बताई टाइमलाइन
पुतिन ने भले ही यह कह दिया कि रूस-यूक्रेन युद्ध जल्द खत्म हो जाएगा, लेकिन उन्होंने इसके लिए कोई तय टाइमलाइन नहीं दी। हालांकि पुतिन ने यह साफ कर दिया कि उन्होंने यह बयान हल्के में नहीं दिया, बल्कि युद्धक्षेत्र की स्थिति के विश्लेषण के आधार पर दिया है, जहाँ रूसी सेनाएं सभी दिशाओं में आगे बढ़ रही हैं और यह हर दिन देखने को मिल रहा है।
रूस-यूक्रेन युद्ध की वजह से मची है भीषण तबाही
रूस-यूक्रेन युद्ध की वजह से अब तक भीषण तबाही मच चुकी है। यूक्रेन को इस युद्ध की वजह से भारी नुकसान उठाना पड़ा है। हालांकि रूस को भी इस युद्ध की वजह से नुकसान झेलना पड़ा है। दोनों देशों के लाखों सैनिक इस युद्ध में हताहत हुए हैं। हज़ारों यूक्रेनी नागरिक भी युद्ध की वजह से हताहत हुए हैं। लाखों यूक्रेनी नागरिक विस्थापित हुए। यूक्रेन के बुनियादी ढांचे को करीब 195 बिलियन डॉलर्स का नुकसान हुआ है। देश में पुनर्निर्माण और रिकवरी की कुल लागत करीब 588 बिलियन डॉलर्स तक बताई जा रही है, जो देश की कई साल की जीडीपी के बराबर है। देश के व्यापार और अर्थव्यवस्था को भी भारी नुकसान हुआ है। युद्ध पर भारी खर्च की वजह से रूस की अर्थव्यवस्था को भी काफी नुकसान पहुंचा है और अभी भी हर दिन यह खर्च हो रहा है। तेल-गैस राजस्व घटा, मुद्रास्फीति बढ़ी और विकास दर धीमी हुई है। कई अंतर्राष्ट्रीय प्रतिबंधों की वजह से रूस को दीर्घकालिक नुकसान हुआ है। दुनियाभर के कई देशों पर इस युद्ध का असर पड़ा है।

