पटना: ‘आज 12 हजार से ज्यादा बच्चों का रिजल्ट हुआ है। ऐसा- ऐसा 20 हॉल में बच्चे बैठे हैं। उन्हें हम अपने हाथ से वर्दी देंगे। जितने बच्चे हैं। सब गरीब परिवार से हैं। किसी के पिताजी ऑटो चलाते हैं। किसी के पिताजी सब्जी बेचते हैं। किसी के पिताजी मजदूर हैं।’ उपरोक्त बयान खान सर का है। खान सर ने ये बातें उस दौरान कही थी, जब बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा का रिजल्ट आया था। उनके सामने हजारों बच्चे मौजूद थे। खान सर का कहना था कि सभी बच्चों का रिजल्ट आया है। इस बयान के 48 घंटे के भीतर यानी 1 जून को उन्होंने ये बयान दिया और 2 जून की रात को उनकी कोचिंग के ऊपर हमला हो गया। कथित तौर पर गार्ड के साथ मारपीट की गई। तोड़फोड़ की गई और हंगामा हुआ।
क्यो हूआ ये विवाद?
कुल मिलाकर बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा रिजल्ट को सेलिब्रेट करने वाले खान सर के गार्ड को 2 जून को पीटा गया। वो गंभीर रूप से घायल हो गया। जानकारी के मुताबिक इस विवाद की जड़ को बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा परिणाम से जोड़कर देखा जा रहा है। कारण ये है कि जिस दिन खान सर ने रिजल्ट को लेकर बयान दिया। उसी दिन सोशल मीडिया पर एक और पोस्ट छाया हुआ था। जिसमें ज्ञान बिंदु कोचिंग सेंटर के डायरेंक्टर रोशन आनंद की तारीफ की जा रही थी। कोचिंग के दावे के मुताबिक रोशन आनंद ने रिकॉर्ड तोड़ दिया था। ज्ञान बिंदु से कुल 10 हजार छात्रों का सिपाही में रिजल्ट आया था। उसके बाद से शुरू हो गया ये विवाद।
खान सर का दावा?
बताया जा रहा है कि खान सर कोचिंग और ज्ञान बिंदु कोचिंग के बीच पहले से ही विवाद चल रहा था। लेकिन आग में घी का काम किया, खान सर के सम्मान समारोह का पोस्टर, जिसे ज्ञान बिंदु कोचिंग बोर्ड के ऊपर लगा दिया गया। इसे लेकर दोनों संस्थान के समर्थकों और संचालकों के बीच तनाव बढ़ गया। खान सर ने बाद में आरोप लगाया है कि उनके कोचिंग को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। खान सर इस घटना को लेकर मानते हैं कि इस घटना के पीछे कोचिंग संचालकों की साजिश है, क्योंकि कुछ दिन पहले उन्होंने फीस कम करने की बात कही थी। कुछ लोगों को ये रास नहीं आ रही है।
अन्य कोचिंग का दावा?
उधर, दूसरी ओर बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा परिणाम के बाद कोचिंग संस्थानों में एक दूसरे से बड़ा दिखाने की होड़ मच गई। खान सर के कोचिंग से निकले बच्चों का अलग दावा है। अन्य कोचिंग संस्थानों का अपना दावा है। जानकार के अलावा पुलिस सूत्र बताते हैं कि ये बच्चों को आकर्षित करने की जंग है। किस कोचिंग संस्थान से बच्चे जुड़ें, इसके लिए लड़ाई लड़ी जा रही है। खान सर ने ऐसा बयान दिया, जिसके बाद अन्य कोचिंग वाले कह रहे हैं कि उनके बच्चे भी पास हुए हैं। सिर्फ खान सर के कोचिंग में ऐसा नहीं हुआ है। कुल मिलाकर ये वर्चस्व की जंग है।

