नई दिल्ली। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दिल्ली पुलिस के 17 अधिकारियों और जवानों को राष्ट्रपति व मेधावी सेवा पदक से सम्मानित किया जाएगा। इनमें अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत की सीबीआई जांच का नेतृत्व करने वाली आईपीएस अधिकारी नूपुर प्रसाद और अतिरिक्त पुलिस आयुक्त दिनेश कुमार गुप्ता भी शामिल हैं।
एजीएमयूटी कैडर की 2007 बैच की अधिकारी नूपुर प्रसाद सीबीआई में अपना कार्यकाल खत्म करने के बाद अब दिल्ली पुलिस में वापस आ गई हैं। समाचार एजेंसी (PTI) के अनुसार, वर्तमान में वह ईओडब्ल्यू में जॉइंट कमिश्नर हैं और आर्थिक एवं वित्तीय अपराधों से जुड़ी जांचों की जिम्मेदारी संभाल रही हैं।
विशिष्ट और सराहनीय सेवा के लिए सम्मानित
नूपुर प्रसाद का नाम उन पुलिसकर्मियों में शामिल हैं, जिन्हें इस बार स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विशिष्ट और सराहनीय सेवा के लिए सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उन पुलिसकर्मियों को दिया जाता है, जो अपराध निवारण, कानून व्यवस्था और प्रशासन सहित विभिन्न क्षेत्रों में अहम भूमिका निभाते हैं।
सुशांत सिंह केस में निभाई थी अहम भूमिका
नूपुर प्रसाद ने शाहदरा की पहली डीसीपी के रूप में जिला ढांचा तैयार करने के साथ सीबीआई में अगस्ता वेस्टलैंड और सुशांत सिंह राजपूत की मौत के केस को सुलझाने में अहम भूमिका निभाई थी।
उन्होंने शाहदरा की डीसीपी रहते हुए ड्रग नेटवर्क और जुआ गतिविधियों के खिलाफ बेहतर काम किया था। उन्हें दिल्ली यूनिवर्सिटी चुनावों और लाल किले में 15 अगस्त के कार्यक्रम की सुरक्षा निगरानी के लिए भी जाना जाता है।
कब आई थीं सुर्खियों में
सुशांत सिंह राजपूत की 14 जून 2020 को बांद्रा, मुंबई स्थित आवास पर हुई मौत की जांच कर रही सीबीआई टीम में शामिल होने के बाद नूपुर प्रसाद देशभर में सुर्खियों में आई थीं।
पदक पाने वाले अन्य के नाम
पदक पाने वालों में निरीक्षक राकेश कुमार भट्ट, निरीक्षक तारा दत्त, एएसआइ कैलाश चंद, अंजना कुमारी, सतीश पाटिल, आनंद बल्लभ, प्रदीप कुमार शर्मा, बिंदु, तथा एएसआइ दिनेश कुमारी शामिल हैं। इसी तरह, महिला हेड कॉन्स्टेबल ललिता, शर्मिला, पुष्पा रानी और हेड कांस्टेबल विजय सिंह शामिल हैं। इन अधिकारियों और जवानों ने आतंकियों व गैंगस्टरों की गिरफ्तारी, जघन्य अपराधों के पर्दाफाश, अवैध शराब व मादक पदार्थों की तस्करी पर कार्रवाई, सुरक्षा व्यवस्था, जनसेवा, रिकार्ड डिजिटाइजेशन और विभागीय प्रशासन में उल्लेखनीय योगदान दिया है।

