Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • सोशल मीडिया पर फ्लाईओवर में प्लास्टिक रॉड के इस्तेमाल को लेकर भ्रष्टाचार का दावा करने वाले वीडियो गलत…
    • ‘करेजा कहां जाबै? युवती से छेड़छाड़ कर रहा था शख्स, भीड़ के साथ मिलकर लड़की ने बीच सड़क कर दी धुनाई…
    • रील बनाने की सनक एक बार फिर चर्चा का विषय,सरकारी भवन चित्रकोट सर्किट हाउस की छत पर बना हुआ वीडियो वायरल
    • नवागांव: मछली चोरी की रंजिश में युवक की पीट-पीटकर हत्या, साथी जान बचाकर भागा…
    • ​दशकों का अंधेरा छँटा: ‘नियद नेल्लानार योजना’ से जगमगाए नारायणपुर के वनांचल गांव
    • कोच गौतम या कप्तान श्रेयस कौन है भारत की 6 हार का असली गुनाहगार?
    • कहीं एक क्लिक न कर दे आपका बैंक अकाउंट खाली! कोई भी Link खोलने से पहले…
    • तगड़ी वापसी, जुलाई में FPI ने खरीद डाले 15157 करोड़ के भारतीय शेयर
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Sunday, July 12
    • खानपान-सेहत
    • फीचर
    • राशिफल
    • लेख-आलेख
    • व्यापार
    • बिलासपुर
    • रायपुर
    • भिलाई
    • राजनाँदगाँव
    • कोरबा
    Chhattisgarh RajyaChhattisgarh Rajya
    Home»राष्ट्रीय»सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: PG और हॉस्टल पर GST छूट जारी रहेगी
    राष्ट्रीय

    सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: PG और हॉस्टल पर GST छूट जारी रहेगी

    chhattisgarhrajya.inBy chhattisgarhrajya.inDecember 7, 2025
    Facebook Twitter WhatsApp Email Telegram
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम कर मामले में फैसला सुनाते हुए कहा कि आवासीय मकान को किराये पर देने पर मिलने वाली GST छूट तब भी लागू रहेगी जब किरायेदार उस संपत्ति को आगे सब लीज पर देकर हॉस्टल या पेइंग गेस्ट सुविधा चलाता है। अदालत ने कर्नाटक हाईकोर्ट के आदेश को बरकरार रखते हुए राजस्व विभाग की अपील खारिज कर दी।

    निर्णय में कहा गया कि 28 जून 2017 की GST छूट अधिसूचना में यह अनिवार्य नहीं है कि किरायेदार खुद उस संपत्ति को निवास के रूप में इस्तेमाल करे। केवल अंतिम उपयोग का आवासीय होना ही पर्याप्त है। अदालत ने साफ किया कि लंबे समय के लिए दिए जाने वाले हॉस्टल या PG आवास भी residential dwelling की ही श्रेणी में आते हैं।

    जस्टिस जेबी पारडीवाला और जस्टिस केवी विश्वनाथन की डिवीजन बेंच ने यह फैसला कर्नाटक के एक चार मंजिला आवासीय भवन से जुड़े मामले की सुनवाई के दौरान सुनाया। यह भवन 42 कमरों वाला है जिसे मालिक ने एक निजी कंपनी को किराये पर दिया था।

    GST विभाग का कहना था कि किरायेदार एक व्यावसायिक कंपनी है जो स्वयं भवन में नहीं रहती, बल्कि उसे आगे किराये पर देकर व्यापारिक लाभ कमाती है, इसलिए इस पर 18 प्रतिशत GST लगना चाहिए। AAR और AAAR ने भी विभाग की व्याख्या को सही माना था, लेकिन कर्नाटक हाईकोर्ट ने इन आदेशों को रद्द कर दिया था।

    Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Email
    chhattisgarhrajya.in
    chhattisgarhrajya.in
    • Website

    Related Posts

    होर्मुज में भारतीय नाविकों के जहाज पर हमला, 10 की बची जान, 1 लापता

    July 12, 2026

    ‘न्यूजीलैंड में 25 साल पहले गिफ्ट में मिला मफलर आज भी मेरे पास’ : पीएम मोदी

    July 11, 2026

    हिंद महासागर में बढ़ेगी ताकत, INS महेंद्रगिरि आज नौसेना में होगा शामिल, जाने क्या है इसकी खासियत?

    July 11, 2026

    Address - Gayatri Nagar, Near Ashirwad Hospital, Danganiya, Raipur C.G.

    Chandra Bhushan Verma
    Owner & Editor
    Mobile - 9826237000 Email - chhattisgarhrajya.in@gmail.com
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions
    • Disclaimer
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.