विजयवाड़ा : आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और जन सेना के अध्यक्ष पवन कल्याण की अचानक तबीयत खराब हो गई। उन्हें अस्पताल ले जाया गया और उनकी सर्जरी हुई है। इस बात की पुष्टि उनके राजनीतिक सचिव पी. हरिप्रसाद ने की। उन्होंने बताया कि अधिकारियों के साथ प्रशासनिक मामलों पर चर्चा करते समय नेता को कुछ असहजता महसूस हुई। हालांकि, पार्टी नेतृत्व ने उस मेडिकल समस्या का खुलासा करना उचित नहीं समझा, जिसके लिए उनकी सर्जरी की गई थी। वहीं पीएम मोदी ने पवन कल्याण का हालचाल जाना।
सूत्रों के अनुसार, पवन कल्याण पिछले कुछ महीनों से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे थे। लेकिन, अचानक उनकी तबीयत ज़्यादा बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें तुरंत मेडिकल सहायता की ज़रूरत पड़ी। अपने निजी डॉक्टरों की सलाह पर, उन्होंने उस दिन के लिए तय सभी सरकारी कार्यक्रम रद्द कर दिए और आगे की जांच के लिए उन्हें हैदराबाद के अस्पताल में भर्ती कराया गया।
सारी जांचों के बाद हुई सर्जरी
डॉक्टरों ने उनकी स्थिति का आकलन करने के लिए कई मेडिकल जांचें कीं, जिनमें MRI स्कैन भी शामिल था। पूरी जांच-पड़ताल के बाद, मेडिकल टीम इस नतीजे पर पहुंची कि सर्जरी ज़रूरी है और उन्होंने सर्जरी की प्रक्रिया शुरू कर दी। बताया जा रहा है कि सर्जरी सफल रही और अब उनकी हालत स्थिर है।
आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री श्री पवन कल्याण गारू से बात की और उनका हालचाल पूछा। वे बेहद साहसी हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि वे बहुत जल्द ठीक हो जाएंगे। उनके अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना कर रहा हूं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
फिलहाल बेड रेस्ट पर पवन कल्याण
उनका इलाज कर रहे मेडिकल विशेषज्ञों ने उन्हें सरकारी काम-काज फिर से शुरू करने से पहले एक हफ़्ते से 10 दिनों तक पूरी तरह आराम करने की सलाह दी है। हालांकि उम्मीद है कि वे धीरे-धीरे अपनी सामान्य गतिविधियों पर लौट आएंगे, लेकिन डॉक्टरों ने इस बात पर ज़ोर दिया कि पूरी तरह ठीक होने के लिए लंबे समय तक सावधानियां बरतना ज़रूरी होगा। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि पूरी तरह ठीक होने में काफी समय लग सकता है, जो इस बात पर निर्भर करेगा कि सर्जरी के बाद उनका शरीर कैसी प्रतिक्रिया देता है। स्वास्थ्य को लेकर अचानक पैदा हुई इस चिंता ने पार्टी नेताओं और समर्थकों के बीच बेचैनी बढ़ा दी है। उनमें से कई लोगों ने सफल सर्जरी पर राहत की सांस ली और उनके जल्द ठीक होने की कामना की।

